कोरोना के खिलाफ इंडिया के पहले स्वदेशी टीके Covaxin को बहुत जल्द विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी (WHO) की मंजूरी मिल सकती है. दरअसल, अभी कोवैक्सीन WHO की इमरजेंसी यूज लिस्ट का हिस्सा नहीं है और इसी वजह से भारत बायोटेक की इस वैक्सीन को कई देशों ने मान्यता नहीं दी है.
इसका सबसे ज्यादा नुकसान उन लोगों को उठाना पड़ रहा है, जो अपने काम या किसी और वजह से उन देशों की यात्रा करना चाहते हैं, जहां कोवैक्सीन अप्रूव्ड नहीं है. ऐसे लोगों को फिलहाल यात्रा की इजाजत नहीं दी जा रही है.
बता दें कि Covaxin को इंडिया में तीन जनवरी को इमरजेंसी अप्रूवल मिला था और इसे 78% प्रभावी बताया गया है.
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