इजरायल लगातार कोरोना वायरस से लड़ने के लिए मास्क और दवाओं पर प्रयोग कर रहा है. साल 2020 के अगस्त में वहां की गहने बनाने वाली एक कंपनी ने दावा किया था कि वो वायरस से बचने के लिए दुनिया का सबसे महंगा मास्क बना रही है जिसकी कीमत 15 लाख डॉलर होगी. अब हाल ही में इजरायल की एक मास्क निर्माता कंपनी सोनोविया (Sonovia) ने लैब टेस्ट के बाद ऐसा मास्क तैयार किया है, जिसमें जिंक-ऑक्साइड की परत है. दावा किया जा रहा है कि ये कोरोना वायरस समेत सभी तरह के बैक्टीरिया और फंगस को नाक और मुंह के अंदर जाने से न केवल रोकती है, बल्कि उन्हें खत्म कर देती है. खासकर हवा के जरिए कोरोना वायरस फैलने से रोकने में इसे 99 फीसदी से भी ज्यादा कारगर बताया जा रहा है. खास बात ये है कि सोनोमास्क रियूजेबल है यानी बार-बार इस्तेमाल हो सकता है. ये मास्क 55 बार धुलाई के बाद भी असरदार पाया गया.