बीते 30 सालों में दुनियाभर में हाइपरटेंशन से जूझ रहे 30 से 79 साल के लोगों की संख्या में इज़ाफ़ा हुआ है और ये संख्या दोगुनी हो गई है. 1990 में लगभग 331 मिलियन महिलाएं और 317 मिलियन पुरुष हायपरटेंशन का शिकार थे तो वहीं 2019 तक 626 मिलियन पुरुष और 652 मिलियन महिलाओं में हाइपरटेंशन की शिकायत दर्ज की गई. लेंसेट जर्नल में छपी एक स्टडी के मुताबिक हाइपरटेंशन के मरीज़ों की संख्या में ज़्यादा इज़ाफ़ा लोवर से मिडिल इनकम श्रेणी में आने वाले देशों में हुआ. 1990 तक भारत में 28% महिलाएं और 29% पुरुष हाई ब्लड प्रेशर का शिकार थे तो वहीं 2019 में 32% महिलाएं और 38% पुरुष इसकी चपेट में आ गए.
184 देशों के 100 मिलियन से ज़्यादा लोगों पर ये स्टडी की गई. जिसके नतीजे चौंकाने वाले रहे. हाई ब्लड प्रेशर आसानी से पकड़ में आने वाली बीमारी है और अगर समय से इसका इलाज शुरू कर दिया जाए तो इस परेशानी से छुटकारा भी पाया जा सकता है लेकिन स्टडी से पता चला है कि इसके शिकार लगभग आधे लोग इस बात से अंजान थे कि उन्हें हाई बीपी की शिकायत है और आधे से ज़्यादा लोग ऐसे थे जो इस समस्या के बारे में तो जानते थे लेकिन इसका इलाज नहीं करवा रहे थे.
2015 में लगभग 85 लाख लोग हायपरटेंशन के कारण मौत का शिकार हुए. ये समस्या आगे चलकर हार्ट अटैक, हार्ट फेलियर, दिल से जुड़ी दूसरी परेशानियों और किडनी से जुड़ी बीमारी का कारण भी बन सकती है.
हायपरटेंशन का पता कैसे लगाएं?
ब्लड प्रेशर नापने के लिए दो नंबर होते हैं सिस्टोलिक (ऊपर का) और डायस्टॉलिक (नीचे का). वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइज़ेशन के अनुसार, अगर आपकी सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर रीडिंग 140 mmHg या उससे ज़्यादा और डायस्टॉलिक ब्लड प्रेशर रीडिंग 90 mmHg या उससे ज़्यादा है तो आप हाई ब्लड प्रेशर के शिकार हैं.
हायपरटेंशन के लक्षण
हायपरटेंशन को साइलेंट किलर भी कहा जाता है क्योंकि इसका कोई वार्निंग साइन या लक्षण बता पाना मुश्किल होता है. WHO का कहना है कि आपको समय समय पर अपना बीपी चेक करते रहना चाहिए ताकि आप इस पर नज़र रख सकें.
हायपरटेंशन के कारण
फैमिली हिस्ट्री, 65 साल से ऊपर की उम्र, किडनी की परेशानी या डायबिटीज़ की समस्या के अलावा भी कुछ ऐसी चीज़ें हैं जो आपका बीपी बढ़ा सकती हैं. नमक या तली भुनी चीज़ों का ज़्यादा सेवन करने के साथ खाने में सब्ज़ियों और फलों की कमी भी आपके ब्लड प्रेशर को बढ़ा सकती हैं. अगर आपका वज़न ज़्यादा है, आप कोई फिजिकल एक्टिविटी नहीं करते हैं और एलकोहल का सेवन करते हैं तब भी आपको हायपरटेंशन का खतरा दूसरों की तुलना में ज़्यादा हो सकता है.