भारत में खेलों को लेकर खेल फेडरेशन कई बार कई ऐसे फैसले कर लेते हैं जो आसानी से समझ नहीं आते. अब कुछ ऐसा ही हुआ है जर्मनी के महान जवेलिन खिलाड़ी और भारत के नेशनल कोच उवे हान (Uwe Hohn) के साथ. जिनकी कोचिंग में नीरज चोपड़ा (Neeraj Chopra) ने भारत को ओलंपिक गोल्ड दिलाया अब भारतीय एथलेटिक्स महासंघ यानी AFI ने उन्हें नेशनल जेवलिन कोच पद से हटा दिया है. ऐसा माना जा रहा है कि इसके पीछे की वजह टोक्यो ओलंपिक से पहले उवे हान द्वारा सिस्टम की आलोचना करना है.
हालांकि AFI का कहना है कि उवे हान के प्रदर्शन से वे खुश नहीं थे. ये बात इसलिए गले नहीं उतरती क्योंकि खुद नीरज चोपड़ा खुद अपनी सफलता का क्रेडिट उवे की कोचिंग को दे चुके हैं.
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बता दें कि 59 साल के उवे एक मात्र ऐसे खिलाड़ी थे, जो 100 मीटर से अधिक तक भाला फेंक सकते हैं. दूसरी तरफ AFI प्लानिंग कमिशन चीफ ललित के भानोट का कहना है कहा कि नीरज चोपड़ा, शिवपाल सिंह और अन्नु रानी जैसे जेवलिन थ्रोअर उवे के साथ ट्रेनिंग नहीं करना चाहते थे. उन्होंने कहा कि क्लॉस एक्सपर्ट के रूप में कोच बने रहेंगे.
बता दें कि उवे ने टोक्यो ओलंपिक से पहले कहा था भारत में खिलाड़ियों की सुविधाओं और डाइट पर पूरा ध्यान नहीं दिया था. पता नहीं ऐसा नासमझी के कारण है या फिर कुछ और. तब उनके इस बयान पर खासा हंगामा हुआ था