रोजाना 3 लाख से अधिक कोरोना केस और मौतों के रोज बनते रिकॉर्ड के बीच देशभर में ऑक्सीजन, वेंटिलेटर और ICU बेड्स की कमी को लेकर हाहाकार मचा है. ऑक्सीजन के लिए हर कोई गुहार लगा रहा है, अस्पताल अदालतों में तो मरीज के रिश्तेदार ऑक्सीजन डीलरों के पास. इस बीच ऑक्सीजन कंसंट्रेटर का खूब नाम सुनने को मिल रहा है. एक्सपर्ट्स कह रहे हैं कि होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोनावायरस मरीजों के लिए ये काफी फायदेमंद है. आइए जानते हैं क्या है ये, कैसे काम करता है और मेडिकल ऑक्सीजन के मुकाबले कितना प्रभावी है.
ऑक्सीजन कंसंट्रेटर है क्या?
- ऑक्सीजन कंसंट्रेटर को घरेलू ऑक्सीजन प्लांट भी कह सकते हैं
- ये हवा में मौजूद ऑक्सीजन को दूसरी गैसों से अलग करता है
- दूसरी गैसों को अलग कर शुद्ध ऑक्सीजन सप्लाई करता है
ऑक्सीजन कंसंट्रेटर के फायदे
- होम आइसोलेशन के मरीजों के लिए अच्छा विकल्प
- 1 मिनट में 2-10 लीटर ऑक्सीजन कर सकता है सप्लाई
- ऑक्सीजन सिलेंडर की तरह बार-बार रिफिल करने की जरूरत नहीं
- किसी और डिवाइस की जरूरत नहीं
- अच्छा कंसंट्रेटर लगातार 24 घंटे भी हो सकता है इस्तेमाल
- ट्रांसपोर्ट और मेंटेनेंस का भी कोई खर्चा नहीं
- पोर्टेबल होता है, कहीं भी ले जा सकते हैं
- इनवर्टर से भी चलाया जा सकता है
कंसंट्रेटर के नुकसान
- कोरोना के गंभीर मरीजों के लिए काम का नहीं
- गंभीर मरीजों को 1 मिनट में 40-50 लीटर ऑक्सीजन फ्लो की जरूरत
- कंसंट्रेटर की क्षमता 1 मिनट में सिर्फ 5-10 लीटर की ही
- कंसंट्रेटर के ऑक्सीजन की शुद्धता मेडिकल ऑक्सीजन से कम
- सिलेंडर या ICU ऑक्सीजन की शुद्धता 98% तक
- कंसंट्रेटर ऑक्सीजन की शुद्धता 88% से 98% तक
- ऑक्सीजन सिलेंडर के मुकाबले महंगा
- कीमत 40 हजार से लेकर 1 लाख रुपए तक
हालांकि परेशानी ये है कि डिमांड इतनी ज्यादा है कि मार्केट में ये बड़ी मुश्किल से मिल रहा है. हालांकि अब इसे तेजी के साथ दूसरे देशों से लाया और मंगाया जा रहा है.