काबुल पर कब्जे के बाद तालिबान ने पहली बार मीडिया से बात की. संगठन के प्रवक्ता जबीहुल्ला मुजाहिद ने कहा कि वो अफ़ग़ानिस्तान में एक ऐसी सरकार स्थापित करना चाहते हैं जिसमें सभी पक्षों की सहभागिता हो. एक और अहम ऐलान करते हुए मुजाहिद ने कहा कि हम पडोसी देशों को ये भरोसा दिलाना चाहते हैं कि हमारी सरजमीं का इस्तेमाल किसी भी प्रकार से आतंक को बढ़ावा देने के लिए नहीं होगा. अपने बयान में उन्होंने जोड़ा कि काबुल में दूतावासों की सुरक्षा हमारे लिए महत्वपूर्ण है और हम सभी अन्य देशों को आश्वस्त करना चाहते हैं कि हमारे साथी अफ़ग़ानिस्तान में स्थित सभी दूतावासों, मिशनों, अंतरराष्ट्रीय संगठनों और सहायता एजेंसियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मौजूद हैं.
जबीहुल्ला मुजाहिद की तरफ से की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस की अन्य बड़ी में ये सब शामिल रहा
\\\ 'जिन्होंने भी अमेरिकी सैनिकों का साथ दिया उनको माफी देंगे'
\\\ 'महिलाओं को पढ़ने और काम करने की आजादी मिलेगी'
\\\ 'हमारा ध्यान अफ़ग़ानिस्तान को टकराव-मुक्त मुल्क़ बनाने पर'
\\\ 'हम देश की अर्थव्यवस्था को सुधारने और गति देने का भी काम करेंगे'