स्वतंत्रता दिवस के मौके पर दिए अपने भाषण में पीएम मोदी ने कहा कि वो कर्म के फल पर विश्वास रखने वाले व्यक्ति हैं और उनका विश्वास देश के युवाओं पर है. पीएम बोले कि 21वीं सदी में भारत के सपनों और आकांक्षाओं को पूरा करने से कोई भी बाधा रोक नहीं सकती और इसके बाद उन्होंने एक कविता पढ़ी जोकि इस प्रकार है
यही समय है, सही समय है, भारत का अनमोल समय है
कुछ ऐसा नहीं जो कर ना सको,
कुछ ऐसा नहीं जो पा ना सको,
तुम उठ जाओ, तुम जुट जाओ,
सामर्थ्य को अपने पहचानो,
कर्तव्य को अपने सब जानो,
भारत का ये अनमोल समय है,
यही समय है, सही समय है,
असंख्य भुजाओं की शक्ति है,
हर तरफ़ देश की भक्ति है,
तुम उठो तिरंगा लहरा दो,
भारत के भाग्य को फहरा दो...
ये भी देखें: India@75: सरकार ने किया बड़ा ऐलान- अब सैनिक स्कूलों में लड़कियां भी ले सकेंगी दाखिला