देश में इन दिनों नाम बदलने की परंपरा जोर पकड़ चुकी है...अब असम सरकार ने ओरंग नेशनल पार्क (Orang National Park) से पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी (Former Prime Minister Rajiv Gandhi) का नाम हटाने का फैसला किया है। संसदीय मामलों के मंत्री पीयूष हजारिका (Piyush Hazarika) ने बुधवार को इसका ऐलान किया. उन्होंने कहा कि ओरंग नाम आदिवासी समुदाय से जुड़ा है लिहाजा कैबिनेट ने राजीव गांधी ओरंग नेशनल पार्क का नाम बदलकर ओरंग नेशनल पार्क करने का फैसला किया है.
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हालांकि असम टी ट्राइब स्टूडेंट्स एसोसिएशन (Assam Tea Tribe Students Association) के अध्यक्ष धीरज गोवाला ने कहा कि हमारी तरफ से राष्ट्रीय उद्यान का नाम बदलने की कोई मांग नहीं की गई थी. गोवाला ने कहा कि देशभर में इस तरह का नाम परिवर्तन बीजेपी सरकारों के अभियान का हिस्सा है. बेहतर होता कि सरकार हमारी मुख्य मांगों जैसे चाय जनजातियों को अनुसूचित जनजाति (एसटी) का दर्जा देने, चाय बागान श्रमिकों के दैनिक वेतन में वृद्धि आदि पर ध्यान केंद्रित करे. दूसरी तरफ कांग्रेस ने कहा है कि यह बीजेपी द्वारा देश और राज्य के लिए राजीव गांधी के योगदान को मिटाने का एक और प्रयास है. असम कांग्रेस की मीडिया प्रभारी बोबीता शर्मा ने कहा कि वे नाम बदल सकते हैं, लेकिन राजीव गांधी के योगदान को मिटा नहीं सकते.