Monetisation Pipeline: अपनों के ही निशाने पर मोदी सरकार, कहा- मोनेटाइजेशन गहना बेच कर घर चलाने जैसा

Updated : Sep 06, 2021 11:30
|
Editorji News Desk

NATIONAL MONETISATION PIPELINE: नेशनल मोनाइजेशन पाइपलाइन के तहत सरकारी संपत्तियों के मौद्रीकरण के फैसले के खिलाफ राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (RSS) से जुड़े भारतीय मजदूर संघ (Bhartiya Mazdoor Sangh) ने ही मोदी सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. RSS से जुड़े संगठनों ने इस प्रोग्राम के अलावा, महंगाई और तालिबान (Inflation and Taliban) के साथ नई दिल्ली की औपचारिक मुलाकात को लेकर इस संघ ने नाराजगी जाहिर की है. केंद्र सरकार के कदमों से असंतुष्ट और नाखुश भारतीय मजदूर संघ ने 9 सितंबर को महंगाई के खिलाफ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है.

यह भी पढ़ें: Security Alert: इजरायली दूतावास पर आतंकी हमले का इनपुट, हाई अलर्ट पर पुलिस और खुफिया एजेंसी

बीएमएस के महासचिव बिनय कुमार सिन्हा ने कहा कि केंद्र सरकार ने 70 PSU के मोनेटाइजेशन का जो फैसला लिया है वह मजदूर संघ को नीतिगत रूप से मंजूर नहीं है. उन्होंने कहा कि धन जुटाने के लिए सरकारी संस्थानों का मोनेटाइजेशन करना 'गहना बेच कर घर चलाने' जैसा है. सरकार जमीनी हकीकत को समझे बगैर ऐसे फैसले ले रही है, जिसे भारतीय मजदूर संघ कतई स्वीकार नहीं करेगा.

National Monetisation Pipelinecentral goverenmentInflationRSSModi Government

Recommended For You

editorji | भारत

Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में दर्दनाक हादसा! कुएं में जहरीली गैस के रिसाव से पांच लोगों की मौत

editorji | भारत

Arvind Kejriwal Arrest: CM केजरीवाल के मामले में दिल्ली HC का CBI को नोटिस, कब होगी अगली सुनवाई?

editorji | भारत

Noida के Logix Mall में आग लगने की वजह से मची चीख-पुकार, देखें हाहाकारी VIDEO

editorji | भारत

Paris 2024 Olympics: PM मोदी ने खिलाड़ियों से की बात, दिया ये खास मंत्र

editorji | भारत

Amritpal Singh: अमृतपाल सिंह को शपथ ग्रहण के लिए दिल्ली ले जाया जाएगा, कैसी है पंजाब पुलिस की तैयारी?