सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court )के पूर्व जज जस्टिस अरुण कुमार मिश्रा (Justice Arun Kumar Mishra) का नाम राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) के नए अध्यक्ष के तौर पर लगभग तय कर लिया गया है. हालांकि इस नियुक्ति के बाबत अभी तक कोई आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया है लेकिन उनके नाम पर करीब करीब मुहर लग चुकी है. आयोग के अध्यक्ष का ये पद बीते छह महीने से खाली है. जस्टिस मिश्रा बीते साल दिसंबर में रिटायर हुए थे और साल 2014 में सुप्रीम कोर्ट में हुई अपनी नियुक्ति के बाद से वो कई बार विवादों में रहे.
जस्टिस मिश्रा का नाम सामने आने के बाद सरकार के इस फैसले पर राजनीती भी शुरू हो गई है. AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) ने इस पर तंज कसते हुए ट्वीट किया और लिखा कि- पीएम मोदी बहुमुखी प्रतिभा के धनी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशंसा प्राप्त दूरदर्शी हैं? दरअसल सुप्रीम कोर्ट में जज रहते हुए जस्टिस मिश्रा ने पीएम मोदी की तारीफ करते हुए उन्हें वर्सेटाइल जीनियस और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त विजनरी बताया था. ओवैसी ने इन्हीं शब्दों का प्रयोग अपने ट्वीट में किया है.