मशहूर लेखक सलमान रूश्दी (Salman Rushdie) ने अपनी किताब मिडनाइट्स चिल्ड्रेन (Midnights Children) के 40 साल पूरा होने पर भारत के हालातों को लेकर बड़ी टिप्पणी की है. रश्दी ने कहा कि ये वो भारत नहीं है जिसकी झलक उनकी किताब में दिखाई दी थी. उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि भारत इमरजेंसी से भी ज्यादा भयानक दौर से गुज़र रहा है, जहां महिलाओं पर हमले, धार्मिक उन्माद, ऐतिहासिक नरेटिव को बदला जा रहा है, और ऐसा इसलिए
किया जा रहा है कि भारत को एक हिंदुवादी बहुसंख्यक राज्य बना दिया जाए, लेकिन इसके बावजूद सत्ता की लोकप्रियता बरकरार रहती है.
और शायद यही सबसे निराशाजनक बात है.
आपको बता दें कि एक अर्से से ब्रिटेन में रह रहे सलमान रश्दी की मिडनाइट्स चिल्ड्रेन 1981 में
पब्लिश हुई थी और इसके लिए उन्हें प्रतिष्ठित बुकर पुरस्कार भी मिला था.