कोरोना संकट और लॉकडाउन की वजह से देश की अर्थव्यवस्था सुस्त पड़ गई और ज्यादातर सेक्टरों को भारी नुकसान हुआ है. लेकिन सबसे ज्यादा असर ऑटोमोबील सेक्टर पर पड़ा है. संसद की एक समिति की रिपोर्ट में बताया गया कि लॉकडाउन के दौरान ऑटोमोबील उद्योग को हर दिन 2300 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान उठाना पड़ा. रिपोर्ट की मानें तो कोरोना संकट की वजह से 286 ऑटो डीलरों का काम हमेशा के लिए बंद हो गया. प्रोडक्शन में कमी की वजह से ऑटो सेक्टर के पुर्जों से जुड़े उद्योग पर बहुत निगेटिव असर पड़ा है. रिपोर्ट में इस सेक्टर में निवेश को आकर्षित करने के लिए वर्तमान भूमि और श्रम कानूनों में सुधार की बात भी कही गई है.