केंद्र शासित प्रदेश लक्षद्वीप (Lakshadweep) में लागू किये जा रहे नियमों को लेकर विरोध का स्वर अब और मुखर होता जा रहा है. ताजा विवाद पर देश के 93 पूर्व सिविल अधिकारियों (Former Bureaucrats) ने प्रधानमंत्री (Prime Minister) के नाम एक खुला खत लिखा है. इन रिटायर्ड नौकरशाहों ने हाल के घटनाक्रम पर चिंता व्यक्त की और इसे परेशान करने वाला बताया. अपने खत में उन्होंने लिखा कि केंद्र शासित प्रदेश के लिए ऐसा उचित विकास मॉडल सुनिश्चित किया जाए जिसमें स्थानीय लोगों के विचार भी शामिल हों.
आपको बता दें कि लक्षद्वीप के प्रशासक ने हाल ही में कुछ ऐसे निर्णय लिए हैं जिनके स्थानीय स्तर पर काफी विरोध हो रहा है. ये विरोध लक्षद्वीप तक सीमित नहीं है बल्कि केरल और देश के कुछ दूसरे राज्यों से भी नेता फैसलों कि मुखालफत कर रहे हैं.