Delhi MCD Election 2022 : देश में दो नगरपालिकाओं को सबसे ताकतवर माना जाता है. पहली BMC यानी बृहन्मुंबई नगर निगम और दूसरी MCD यानी दिल्ली नगर निगम. इन दोनों निगमों पर कब्जे के लिए हर पार्टी जमीन-आसमान एक कर देती हैं. अब चूंकि 4 दिसंबर को दिल्ली नगर निगम (Delhi MCD) के चुनाव हो रहे हैं लिहाजा आज बात उसी निगम की करते हैं. MCD का बजट करीब 15,276 करोड़ रुपये का है और इसके परिणाम देश की राजधानी में होने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनाव (General Eletion) में जनता के मूड की झलक को भी दिखाते हैं. लिहाजा जीत दर्ज करने के लिए हर पार्टी एड़ी चोटी का जोर लगा रही हैं...ऐसे में ये जानना दिलचस्प है कि मुकाबले में मौजूद तीन प्रमुख पार्टियां यानी भारतीय जनता पार्टी (BJP), आम आदमी पार्टी (AAP) और कांग्रेस (Congress) के चुनावी घोषणापत्र (Manifesto) में दिल्ली के लिए क्या है?
निगम पर कब्जे का सपना अब भी अधूरा
सबसे पहले बात आम आदमी पार्टी की केजरीवाल के नेतृत्व वाली पार्टी बीते दो विधानसभा चुनावों से दिल्ली की सत्ता पर तो कायम है लेकिन निगम पर कब्जे का उसका सपना अब भी अधूरा है...उसे लगता है कि साल 2022 का चुनाव उसे निगम में अपना दबदबा कायम करने का मौका देगा...
AAP का वादा
दिल्ली में खत्म करेंगे सभी कूड़े के पहाड़
एमसीडी में भ्रष्टाचार खत्म, ऑनलाइन होंगे काम
अस्थाई कर्मचारी परमानेंट होंगे, 1 तारीख को सैलरी
दिल्ली में पार्किंग की समस्या का स्थाई समाधान
एमसीडी स्कूलों और अस्पतालों में व्यापक सुधार
दिल्ली को आवारा पशुओं से निजात दिलाएंगे
बीजेपी के सामने अपने वर्चस्व को कायम रखने की चुनौती
अब बात बीजेपी की देश के ज्यादातर राज्यों के निगमों पर बीजेपी का कब्जा है. दिल्ली में भी बीते 15 सालों से वो सत्ता पर काबिज है. अब उसके सामने अपने वर्चस्व को कायम रखने और एंटी इनकंबेसी से पार पाने की चुनौती है...लिहाजा आप जान लीजिए बीजेपी के पिटारे में मतदाताओं के लिए क्या है?
BJP का मेनिफेस्टो
5 सालों में 7 लाख गरीबों को दिल्ली में घर
1616 स्कूलों को स्मार्ट स्कूल में बदला जाएगा
दिल्ली में 100 से ज्यादा मल्टी पार्किंग
फैक्ट्री लाइसेंस को पूरी तरह खत्म किया जाएगा
50 अन्नपूर्णा रसोई, 5 रुपए में मिलेगा खाना
1 अप्रैल 2023 से MCD का फैक्ट्री लाइसेंस समाप्त
देश की सबसे पुरानी पार्टी के लिए सबसे ज्यादा चुनौती
अब बात कांग्रेस की देखा जाए तो दिल्ली नगर निगम चुनाव में सबसे ज्यादा चुनौती देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस के ही सामने है. एक तो वो 15 सालों से MCD की सत्ता से दूर है और दूसरे वो दिल्ली की सियासत में अपने खोए हुए जनाधार को वापस पाने के लिए भी मशक्कत कर रही है. अब आप कांग्रेस की झोली में मतदाताओं के लिए क्या वादे हैं इसे भी जान लीजिए.
कांग्रेस का घोषणापत्र
दिल्ली का ग्रीन एरिया 23% से 32% होगा
कचरे का शत प्रतिशत डोर टू डोर कलेक्शन
हर घर RO का जल की सुविधा
पिछला हाउस टैक्स माफ और अगला हाफ
5वीं तक के छात्रों को टैबलेट देने का ऐलान
दिल्ली में कूड़े के पहाड़ 18 महीने में खत्म