कोरोना वायरस के ओरिजिन को लेकर रोज़ नई थ्योरी सामने आ रही है. इस बीच अमेरिका के पूर्व विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि वुहान इंस्टीट्यूट ऑफ
वायरोलॉजी (Wuhan Lab) अपने रिसर्च के साथ- साथ सैन्य गतिविधियों में भी लगा हुआ था. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पोम्पियो ने कहा कि मैं निश्चित रूप से कह सकता हूं कि हम जानते हैं कि वे उस लैब के भीतर पीपुल्स लिबरेशन आर्मी से जुड़े लोग प्रयासों में लगे हुए थे, यानि वहां सैन्य गतिविधियां भी की जा रही थी. दरअसल पॉम्पियो का बयान ऐसे वक्त आया है जब ब्रिटेन और नार्वे के दो वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि वायरस की कृत्रिम उत्पति छिपाने के लिए चीनी वैज्ञानिकों ने इसमें कई बदलाव किए.
ब्रिटेन के प्रोफेसर एंगस डलग्नीश और नार्वे के वैज्ञानिक सोरेन्सन ने अध्ययन के बाद दावा किया कि वुहान लैब में रिवर्स इंजीनियरिंग की गई जिससे कि ये प्राकृतिक रूप से चमगादड़ जैसा लगे. वहीं दूसरी ओर वुहान लैब से कोविड लीक होने के आरोपो की निष्पक्ष जांच की मंजूरी को लेकर चीन ने चुप्पी साध ली. ऐसे में ऐसी थ्योरीज़ को बल मिला कि हो सकता है कि वायरस लैब में बनाया गया हो.