भारत के चंडीगढ़ के स्टार्टअप ज्यूपिटिस जस्टिस टेक्नोलॉजीज (Jupitice Justice Technologies) ने एक निजी न्याय प्रणाली के तहत दुनिया का पहला निजी डिजिटल कोर्ट (Private Digital Court) डिवेलप किया है. विश्व न्याय परियोजना की स्टडी बताती है कि लगभग 5 बिलियन लोग ऐसे हैं जो की बुनियादी न्याय आवश्यकताओं तक नहीं पहुंच सकते हैं. इस लिहाज से देखें तो लगेगा एक डिजिटल कोर्ट का होना जरूरी हो गया है.
ज्यूपिटिस जस्टिस टेक्नोलॉजीज का निजी डिजिटल न्यायालय ऑनलाइन ए.डी.आर कार्यवाही या आउट-ऑफ-कोर्ट सेटलमेंट की सुविधा देती है, यह न केवल सार्वजनिक न्याय प्रणालियों पर बोझ कम करने में मददगार होगी, बल्कि कहीं से भी या कभी भी न्याय तक पहुंच का दायरा बढ़ाएगी. बता दें, किसी भी अन्य आर्बिट्रेशन अवॉर्ड की तरह, ज्यूपिटिस प्लेटफॉर्म पर प्राप्त ऑनलाइन आर्बिट्रेशन अवॉर्ड भी अदालत के निर्णय जैसे ही कानूनी रूप से मान्य होगा.