आगरा के पारस अस्पताल (Paras Hospital) के वीडियो से इलाज के प्रोटोकॉल समेत कई दूसरे मेडिकल प्रैक्टिस से जुडे मुद्दों को लेकर खलबली मच गई है. इस वीडियो में अस्पताल के संचालक एक कथित मॉक ड्रिल की बात करते सुनाई दे रहे हैं. आरोप है कि ये मॉक ड्रिल अस्पताल में कोरोना मरीजों की ऑक्सीजन सप्लाई काटने से जुड़ा है जिसकी वजह से अस्पताल में 22 कोरोना मरीजों की मौत हो गई. दरअसल ये पूरी बातचीत 26/27 अप्रैल को सामने आए ऑक्सीजन संकट (Oxygen Shortage) से जुड़ी हुई है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पारस अस्पताल में कथित मॉक ड्रिल 26 अप्रैल की सुबह 7 बजे की गई उस वक्त अस्पताल में 96 कोरोना मरीज भर्ती थे, जिनमें से सिर्फ 74 ही जिंदा बचे.
अस्पताल के संचालक डॉ अरिंजय जैन के 4 और वीडियो वायरल हुए हैं जिसमें वो ऑक्सीजन के बड़े संकट वाले दिन का किस्सा बयां कर रहे हैं. वीडियो के वायरल होने के बाद संचालक वीडियो के साथ छेडछाड़ की बात कह रहे हैं. जिलाधिकारी (डीएम) प्रभु नारायण सिंह अब इस मामले की जांच की बात कह रहे हैं.